आज़मगढ़ शहर के चौक के पास एक स्थल है उसका नाम "बड़ा देव" है. जो अब एक हिन्दू मंदिर में तब्दील हो चुका है.
कुछ वर्ष पहले तक एक पीपल के पेड़ के नीचे डीह बाबा की तरह कुछ हाथी और घोड़े की मृण्मूर्ति थी.
अब नही होगा, पक्का !!
शब्द की उत्तपत्ति को आप गौर से देखे तो पाएंगे कि यह "बुद्ध देव" का तद्भव "बूढ़ा देव" से और अंत मे "बड़ा देव" बना है।
आप को मानने में परेशानी तो होगी लेकिन सोचिएगा....

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